Previous Year Question
निम्नलिखित में से कौन, भक्ति पंथ का समर्थक नहीं था?
A.
नागार्जुन
B.
तुकाराम
C.
त्यागराज
D.
वल्लभाचार्य
Correct Answer: A
Detailed Solution
नागार्जुन भक्ति पंथ के समर्थक नहीं थे। वे लगभग दूसरी शताब्दी ईस्वी के प्रसिद्ध महायान बौद्ध दार्शनिक थे और बौद्ध दर्शन के माध्यमिक (Madhyamaka) संप्रदाय से जुड़े थे। उनके दर्शन का केंद्रीय सिद्धांत शून्यता (Śūnyatā) था। उनकी प्रसिद्ध दार्शनिक कृति मूलमध्यमककारिका (Mūlamadhyamakakārikā) माध्यमिक दर्शन का प्रमुख मूल ग्रंथ है।
इसके विपरीत शेष तीनों व्यक्तित्व भक्ति परंपरा से स्पष्ट रूप से जुड़े हैं। तुकाराम महाराष्ट्र की वारकरी भक्ति परंपरा के संत-कवि थे और विठ्ठल के भक्त थे। त्यागराज कर्नाटक संगीत के महान संत-संगीतकार और रामभक्त थे; उनकी अधिकांश कृतियों में राम-भक्ति केंद्रीय विषय है। वल्लभाचार्य ने पुष्टिमार्ग की स्थापना की और कृष्ण, विशेषकर बालकृष्ण, की भक्ति पर बल दिया।