Previous Year Question
“शक्सगाम घाटी” के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
यह घाटी सामरिक दृष्टि से महत्त्वपूर्ण क्षेत्र है, जो पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) का हिस्सा है।
भारत ने इस घाटी में चीन द्वारा किए जा रहे अवसंरचनात्मक विकास के विरुद्ध विरोध दर्ज कराया है।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए:
केवल 2
न तो 1 और न ही 2
केवल 1
1 और 2 दोनों
Correct Answer: D
Detailed Solution
कथन 1 सही है। शक्सगाम घाटी (Shaksgam Valley), जिसे ट्रांस-काराकोरम ट्रैक्ट (Trans-Karakoram Tract) का हिस्सा भी कहा जाता है, काराकोरम पर्वतीय क्षेत्र में स्थित एक सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण क्षेत्र है। यह पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर से संबंधित विवादित भूभाग का हिस्सा रहा है। वर्ष 1963 में पाकिस्तान ने चीन-पाकिस्तान सीमा समझौते के अंतर्गत लगभग 5,180 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र चीन को सौंप दिया था। भारत इस समझौते को अवैध मानता है और शक्सगाम घाटी को अपना अभिन्न क्षेत्र मानता है।
कथन 2 भी सही है। भारत ने शक्सगाम घाटी में चीन द्वारा किए जा रहे सड़क निर्माण और अन्य अवसंरचनात्मक विकास के विरुद्ध आधिकारिक विरोध दर्ज कराया था। 2 मई, 2024 को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने स्पष्ट किया कि भारत ने वर्ष 1963 के चीन-पाकिस्तान सीमा समझौते को कभी स्वीकार नहीं किया है। उन्होंने यह भी बताया कि भारत ने क्षेत्र की वास्तविक स्थिति बदलने के प्रयासों के विरुद्ध चीन के समक्ष विरोध दर्ज कराया है।
शक्सगाम घाटी का सामरिक महत्त्व इसकी स्थिति के कारण है। यह काराकोरम पर्वतमाला के उत्तरी भाग में और सियाचिन ग्लेशियर के निकट स्थित है। यह क्षेत्र भारत, पाकिस्तान और चीन के बीच सीमा एवं क्षेत्रीय सुरक्षा संबंधी दृष्टिकोण से संवेदनशील है। यहाँ परिवहन और सैन्य उपयोग की अवसंरचना विकसित होने से क्षेत्रीय सामरिक परिस्थितियों पर प्रभाव पड़ सकता है।
क्षेत्रीय नियंत्रण और संप्रभुता के दावे में अंतर समझना आवश्यक है। शक्सगाम घाटी वर्ष 1963 से चीन के नियंत्रण में है, जबकि भारत इसे अपना क्षेत्र मानता है। पाकिस्तान द्वारा चीन को क्षेत्र सौंपे जाने से पहले यह पाकिस्तान के नियंत्रण वाले भूभाग में शामिल था। इसलिए प्रश्न में इसे पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर का हिस्सा बताना ऐतिहासिक संदर्भ में सही माना गया है, लेकिन वर्तमान वास्तविक नियंत्रण चीन के पास है।