Previous Year Question
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और सूचियों के नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए :
सूची-I (स्थान) | सूची-II (नदियों का संगम) |
A. देवप्रयाग | 1. अलकनंदा और पिंडर |
B. रुद्रप्रयाग | 2. अलकनंदा और भागीरथी |
C. कर्णप्रयाग | 3. भागीरथी और भिलंगना |
D. टिहरी | 4. अलकनंदा और मंदाकिनी |
कूट :
A-4, B-1, C-2, D-3
A-2, B-3, C-1, D-4
A-4, B-1, C-3, D-2
A-2, B-4, C-1, D-3
Correct Answer: D
Detailed Solution
देवप्रयाग — अलकनंदा और भागीरथी (A-2): देवप्रयाग में अलकनंदा और भागीरथी नदियाँ मिलती हैं। इस संगम के बाद संयुक्त धारा को गंगा कहा जाता है। देवप्रयाग Alaknanda के पाँच पवित्र प्रयागों में सबसे downstream स्थित प्रयाग है।
रुद्रप्रयाग — अलकनंदा और मंदाकिनी (B-4): रुद्रप्रयाग में मंदाकिनी नदी अलकनंदा से मिलती है। मंदाकिनी केदारनाथ क्षेत्र से नीचे आती है और रुद्रप्रयाग का यह संगम Panch Prayag का एक महत्वपूर्ण भाग है।
कर्णप्रयाग — अलकनंदा और पिंडर (C-1): कर्णप्रयाग में पिंडर नदी अलकनंदा में मिलती है। Uttarakhand Tourism के Panch Prayag क्रम में कर्णप्रयाग, नंदप्रयाग के बाद और रुद्रप्रयाग से पहले आता है।
टिहरी — भागीरथी और भिलंगना (D-3): पुराना टिहरी नगर भागीरथी और भिलंगना नदियों के संगम पर स्थित था। टिहरी बाँध और reservoir बनने के बाद पुराना नगर जलमग्न हुआ और यह क्षेत्र आज Tehri Lake का हिस्सा है।
एक उपयोगी तथ्य यह है कि Panch Prayag का क्रम ऊपर से नीचे की ओर — विष्णुप्रयाग → नंदप्रयाग → कर्णप्रयाग → रुद्रप्रयाग → देवप्रयाग है। टिहरी Panch Prayag में शामिल नहीं है; प्रश्न में उसे भागीरथी–भिलंगना के संगम के कारण रखा गया है।