Previous Year Question
काकोरी केस के अभियुक्तों के बचाव हेतु किसकी अध्यक्षता में एक समिति का गठन हुआ था?
आचार्य नरेन्द्र देव
गोबिन्द बल्लभ पंत
चन्द्रभानु गुप्त
मोतीलाल नेहरू
Correct Answer: B
Detailed Solution
काकोरी ट्रेन एक्शन 9 अगस्त 1925 को लखनऊ के निकट काकोरी में हुआ था। Hindustan Republican Association के क्रांतिकारियों ने रेलगाड़ी में ले जाए जा रहे सरकारी खजाने को अपने अधिकार में लिया था।
इस कार्रवाई से जुड़े प्रमुख क्रांतिकारियों में राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाकउल्ला खाँ, राजेन्द्रनाथ लाहिड़ी, चन्द्रशेखर आजाद, सचिन्द्रनाथ बख्शी और मन्मथनाथ गुप्त आदि शामिल थे।
ब्रिटिश सरकार द्वारा बड़ी संख्या में क्रांतिकारियों को गिरफ्तार किए जाने और मुकदमा चलाए जाने के बाद उनके कानूनी बचाव के लिए एक Defence Committee बनाई गई। इस समिति का नेतृत्व गोबिन्द बल्लभ पंत ने किया।
यहाँ एक useful distinction है—मोतीलाल नेहरू ने Defence Committee के गठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, लेकिन उपलब्ध institutional historical account इसे Govind Ballabh Pant के नेतृत्व वाली Defence Committee के रूप में दर्ज करता है।
बचाव पक्ष से मोहनलाल सक्सेना और चन्द्रभानु गुप्त जैसे वकील भी जुड़े थे। पंत स्वयं भी काकोरी अभियुक्तों के कानूनी बचाव से जुड़े प्रमुख वकीलों में थे।
मुकदमे के अंत में राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाकउल्ला खाँ, राजेन्द्रनाथ लाहिड़ी और रोशन सिंह को मृत्युदंड दिया गया। बिस्मिल, अशफाकउल्ला और रोशन सिंह को 19 दिसंबर 1927 को, जबकि राजेन्द्रनाथ लाहिड़ी को इससे पहले 17 दिसंबर 1927 को फाँसी दी गई।
अतः काकोरी केस के अभियुक्तों के बचाव हेतु गठित समिति के नेतृत्व से संबंधित सही उत्तर गोबिन्द बल्लभ पंत है।