Previous Year Question
‘पृथिव्या प्रथम वीर’ उपाधि थी—
समुद्रगुप्त की
राजेन्द्र प्रथम की
अमोघवर्ष की
गौतमीपुत्र शातकर्णी की
Correct Answer: A
Detailed Solution
इस प्रश्न में दिए गए चारों विकल्पों में से किसी को भी प्रमाणित सही उत्तर नहीं माना गया।
कई सामान्य पुस्तकों और बाद की solved question compilations में इसका उत्तर समुद्रगुप्त दिया गया है। इसका कारण समुद्रगुप्त की अत्यधिक सैन्य सफलता और उससे संबंधित एक अलग अभिव्यक्ति ‘पृथिव्याम् अप्रतिरथः/पृथिव्याम् प्रतिरथ’ जैसी व्याख्याओं से उत्पन्न भ्रम है।
लेकिन ‘पृथिव्या प्रथम वीर’ को समुद्रगुप्त की प्रमाणित उपाधि सिद्ध करने वाला विश्वसनीय अभिलेखीय प्रमाण नहीं मिला।
UPPSC PCS 2016 की answer key से संबंधित विवाद इलाहाबाद उच्च न्यायालय तक पहुँचा। इतिहास से संबंधित इस प्रश्न को इलाहाबाद विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग के वरिष्ठ विशेषज्ञ के पास भेजा गया था।
आयोग ने विशेषज्ञ की राय के बाद इस प्रश्न को हटा दिया, क्योंकि दिए गए विकल्पों में से कोई भी सही सिद्ध नहीं हुआ। न्यायालय द्वारा नियुक्त विशेषज्ञ ने भी यही मत दिया।
उम्मीदवारों ने समुद्रगुप्त के पक्ष में तर्क देते हुए ऐसी पुस्तकों का उल्लेख किया जिनमें उसे ‘Prithivyama-Pratiratha’, अर्थात पृथ्वी पर जिसका कोई प्रतिद्वंद्वी न हो, जैसी अभिव्यक्ति से जोड़ा गया था। लेकिन न्यायालय ने स्पष्ट किया कि इन पुस्तकों में भी यह प्रमाणित नहीं था कि समुद्रगुप्त को ‘Prithivyah Pratham Veer’ की यही उपाधि दी गई थी।