Previous Year Question
उत्तर वैदिक काल में निम्नलिखित में से किसे आर्य संस्कृति का केन्द्र माना जाता था?
अंग, मगध
कोशल, विदेह
कुरु, पांचाल
मत्स्य, सूरसेन
Correct Answer: C
Detailed Solution
सही उत्तर कुरु और पांचाल है।
ऋग्वैदिक काल में वैदिक संस्कृति का मुख्य भौगोलिक क्षेत्र सप्तसिंधु और उत्तर-पश्चिमी भारत था। उत्तर वैदिक काल में इसका केन्द्र धीरे-धीरे पूर्व की ओर स्थानांतरित हुआ और गंगा-यमुना दोआब, विशेष रूप से कुरु-पांचाल क्षेत्र, वैदिक संस्कृति का प्रमुख केन्द्र बन गया।
कुरु और पांचाल उत्तर वैदिक काल की प्रमुख राजनीतिक और सांस्कृतिक इकाइयाँ थीं। IGNOU के अनुसार उत्तर वैदिक काल में दोआब वैदिक संस्कृति का प्रमुख केन्द्र बन गया और कुरु तथा पांचाल जैसे क्षेत्रीय राज्यों का विकास हुआ।
इस क्षेत्र का महत्व केवल राजनीतिक नहीं था। उत्तर वैदिक साहित्य, विशेषकर अनेक ब्राह्मण ग्रंथों, के निर्माण और संकलन का निकट संबंध कुरु-पांचाल क्षेत्र से था। इससे यह क्षेत्र वैदिक कर्मकांड, यज्ञ परंपरा और ब्राह्मणीय संस्कृति का महत्वपूर्ण केन्द्र बन गया।
कुरु राज्य के निर्माण में पहले के भरत और पुरु जैसे समूहों के एकीकरण की भूमिका मानी जाती है। पांचाल क्षेत्र गंगा-यमुना दोआब के पूर्वी भाग से संबंधित था। इन दोनों क्षेत्रों ने मिलकर उत्तर वैदिक राजनीतिक और सांस्कृतिक व्यवस्था को मजबूत आधार दिया।
कोशल और विदेह में भी बाद में वैदिक संस्कृति का विस्तार हुआ और विदेह के राजा जनक का दरबार दार्शनिक तथा वैदिक विमर्श का महत्वपूर्ण केन्द्र बना। फिर भी प्रश्न में पूछे गए उत्तर वैदिक काल के मुख्य आर्य सांस्कृतिक केन्द्र के रूप में कुरु-पांचाल ही उपयुक्त उत्तर है।