Previous Year Question
निम्नलिखित में से कौन-सा एक भारत सरकार की ‘उदय’ योजना का प्रयोजन है?
ऊर्जा के नवीकरणीय स्रोतों के क्षेत्र में नवप्रवर्तनशील स्टार्ट-अप उद्यमियों को तकनीकी एवं वित्तीय सहायता प्रदान करना
वर्ष 2018 तक देश के प्रत्येक परिवार को बिजली प्रदान करना
समयावधि के भीतर कोयला-आधारित विद्युत संयंत्रों को प्राकृतिक गैस, नाभिकीय, सौर, पवन और ज्वारीय विद्युत संयंत्रों से प्रतिस्थापित करना
विद्युत वितरण कंपनियों के वित्तीय कायापलट और पुनरुत्थान का प्रावधान करना
Correct Answer: D
Detailed Solution
UDAY का पूरा नाम Ujwal DISCOM Assurance Yojana है। भारत सरकार ने इसे नवंबर 2015 में राज्य-स्वामित्व वाली विद्युत वितरण कंपनियों—DISCOMs—की वित्तीय और परिचालन स्थिति सुधारने के लिए प्रारम्भ किया था। इसलिए विकल्प (d) सही है।
DISCOMs उपभोक्ताओं को बिजली की अंतिम आपूर्ति करते हैं, लेकिन अनेक राज्य DISCOMs को निम्नलिखित समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था:
अत्यधिक ऋण और ब्याज का बोझ।
Aggregate Technical and Commercial—AT&C Losses।
बिजली खरीद की उच्च लागत।
औसत आपूर्ति लागत और औसत राजस्व प्राप्ति के बीच अंतर।
बिजली शुल्क में समय पर संशोधन न होना।
Billing और Collection Efficiency का कम होना।
UDAY के अंतर्गत भाग लेने वाली राज्य सरकारों को 30 सितंबर, 2015 तक के DISCOM ऋण का 75% अपने ऊपर लेना था। इसमें:
50% ऋण वर्ष 2015-16 में लिया जाना था।
शेष 25% ऋण वर्ष 2016-17 में लिया जाना था।
राज्य इस ऋण के वित्तपोषण के लिए UDAY Bonds जारी कर सकते थे।
शेष 25% ऋण को बैंकों तथा Financial Institutions द्वारा कम ब्याज वाले Loans अथवा Bonds में परिवर्तित किया जा सकता था।
योजना के चार प्रमुख घटक थे:
DISCOMs की Operational Efficiency में सुधार।
विद्युत उत्पादन और खरीद की लागत कम करना।
DISCOMs की Interest Cost कम करना।
राज्य सरकारों के साथ समझौतों के माध्यम से Financial Discipline लागू करना।
योजना में AT&C Losses को लगभग 15% तक लाने और Average Cost of Supply तथा Average Revenue Realised के बीच के अंतर को समाप्त करने का लक्ष्य था।
विकल्प (a) Renewable-energy Start-ups से, विकल्प (b) सार्वभौमिक घरेलू विद्युतीकरण से और विकल्प (c) विद्युत उत्पादन के स्रोतों को बदलने से संबंधित है; ये UDAY के मुख्य उद्देश्य नहीं थे।
वर्तमान स्थिति (2026)
UDAY की मूल सुधार-अवधि समाप्त हो चुकी है और यह वर्तमान में बिजली वितरण सुधारों के लिए प्रमुख नई Funding Scheme नहीं है। इसके बाद केंद्र सरकार ने Revamped Distribution Sector Scheme—RDSS को लागू किया।
RDSS को वर्ष 2021 में लगभग ₹3,03,758 करोड़ के कुल परिव्यय तथा लगभग ₹97,631 करोड़ की अनुमानित केंद्रीय बजटीय सहायता के साथ स्वीकृत किया गया था। इसका ध्यान निम्नलिखित पर है:
Prepaid Smart Metering।
Distribution Infrastructure का आधुनिकीकरण।
AT&C Losses में कमी।
DISCOMs की परिचालन क्षमता और वित्तीय स्थिरता।
विद्युत आपूर्ति की विश्वसनीयता और गुणवत्ता में सुधार।
अतः UDAY को वर्तमान RDSS के समान न समझें|