Previous Year Question
निम्नलिखित में से कौन-से कारक/नीतियाँ हाल के समय में भारत में चावल के मूल्य को प्रभावित कर रहे थे?
न्यूनतम समर्थन मूल्य
सरकार द्वारा व्यापार
सरकार द्वारा भंडारण
उपभोक्ता सहायिकी
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए :
1, 2 और 4
1, 3 और 4
2 और 3
1, 2, 3 और 4
Correct Answer: D
Detailed Solution
भारत में चावल का मूल्य केवल खुले बाजार की माँग और आपूर्ति से निर्धारित नहीं होता। MSP, सरकारी खरीद एवं बिक्री, Buffer Stock तथा Public Distribution System के माध्यम से सरकार चावल के बाजार को बड़े स्तर पर प्रभावित करती है।
1. न्यूनतम समर्थन मूल्य—सही
केंद्र सरकार Commission for Agricultural Costs and Prices की सिफारिशों पर धान का MSP घोषित करती है। MSP किसानों को बाजार मूल्य में अत्यधिक गिरावट से सुरक्षा प्रदान करता है।
धान की सरकारी खरीद MSP पर होने से:
MSP बाजार के लिए Benchmark Price बन सकता है।
FCI और राज्य एजेंसियों की खरीद से बाजार में अतिरिक्त माँग उत्पन्न होती है।
निजी व्यापारियों को किसानों से धान खरीदने के लिए MSP के आसपास प्रतिस्पर्धा करनी पड़ सकती है।
MSP में वृद्धि से Procurement Cost और चावल की Economic Cost बढ़ सकती है।
इसलिए MSP चावल के उत्पादक एवं बाजार मूल्य दोनों को प्रभावित करता है।
2. सरकार द्वारा व्यापार—सही
सरकार FCI और राज्य एजेंसियों के माध्यम से धान/चावल खरीदती है। आवश्यकता के समय वह Open Market Sale Scheme—OMSS तथा अन्य व्यवस्थाओं के माध्यम से खाद्यान्न जारी कर सकती है।
सरकारी खरीद से खुले बाजार की उपलब्ध आपूर्ति कम हो सकती है।
सरकारी बिक्री से बाजार में आपूर्ति बढ़ती है और कीमतों पर नीचे की ओर दबाव पड़ सकता है।
आयात अथवा निर्यात नीति में परिवर्तन भी घरेलू उपलब्धता और मूल्य को प्रभावित कर सकता है।
अतः Government Trading चावल की कीमत को प्रभावित करता है।
3. सरकार द्वारा भंडारण—सही
सरकार खाद्य-सुरक्षा, PDS और आपातकालीन आवश्यकताओं के लिए Central Pool में चावल का Buffer Stock रखती है।
सरकारी भंडारण के दो प्रभाव हो सकते हैं:
खरीद करके चावल को बाजार से हटाने पर खुले बाजार की आपूर्ति कम हो सकती है।
कमी या महँगाई के समय Stock जारी करने पर आपूर्ति बढ़ती है और कीमत स्थिर करने में सहायता मिलती है।
भंडारण का समय, मात्रा और Stock Release Policy बाजार मूल्य को प्रभावित करते हैं।
4. उपभोक्ता सहायिकी—सही
National Food Security Act के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को Central Issue Price पर खाद्यान्न उपलब्ध कराया जाता था। प्रश्न के समय Priority Households को सामान्यतः प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलोग्राम खाद्यान्न तथा Antyodaya Anna Yojana परिवारों को प्रति परिवार प्रति माह 35 किलोग्राम खाद्यान्न का अधिकार था।
NFSA में मूल Central Issue Prices:
चावल—₹3 प्रति किलोग्राम।
गेहूँ—₹2 प्रति किलोग्राम।
मोटा अनाज—₹1 प्रति किलोग्राम।
उपभोक्ता सहायिकी लाभार्थियों द्वारा चुकाए जाने वाले प्रभावी मूल्य को कम करती है। इससे खुले बाजार की माँग, सरकारी खरीद, खाद्यान्न आवंटन और सरकार की Food Subsidy पर प्रभाव पड़ता है।