Previous Year Question
भारत में मुद्रास्फीति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा सही है?
भारत में मुद्रास्फीति को नियंत्रित करना केवल भारत सरकार का उत्तरदायित्व है।
मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने में भारतीय रिज़र्व बैंक की कोई भूमिका नहीं है।
मुद्रा के परिचलन में कमी मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने में सहायक होती है।
मुद्रा के परिचलन में वृद्धि मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने में सहायक होती है।
Correct Answer: A
Detailed Solution
मुद्रास्फीति उस स्थिति को कहते हैं जिसमें अर्थव्यवस्था में वस्तुओं और सेवाओं के सामान्य मूल्य-स्तर में लगातार वृद्धि होती है। इसका अर्थ किसी एक वस्तु की कीमत बढ़ना नहीं, बल्कि व्यापक price level का बढ़ना है।
विकल्प (a) गलत है
मुद्रास्फीति को नियंत्रित करना केवल केंद्र सरकार का उत्तरदायित्व नहीं है।
इसमें दो प्रमुख संस्थाओं की भूमिका होती है:
केंद्र सरकार Fiscal Policy, करों, सरकारी व्यय, subsidies, buffer stocks तथा आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति से संबंधित उपाय कर सकती है।
RBI Monetary Policy, Repo Rate, liquidity management और money supply से संबंधित उपाय करता है।
खाद्य मुद्रास्फीति जैसी supply-side inflation में केंद्र तथा राज्य सरकारों की supply-management संबंधी भूमिका विशेष रूप से महत्त्वपूर्ण होती है।
विकल्प (b) गलत है
RBI की मुद्रास्फीति नियंत्रित करने में प्रत्यक्ष भूमिका है। RBI मांग और liquidity को प्रभावित करने के लिए निम्न उपकरणों का प्रयोग कर सकता है:
Repo Rate
Standing Deposit Facility—SDF
Marginal Standing Facility—MSF
Cash Reserve Ratio—CRR
Open Market Operations—OMO
Variable Rate Repo तथा Variable Rate Reverse Repo operations
उदाहरण के लिए, RBI द्वारा Repo Rate बढ़ाने से सामान्यतः बैंकों के लिए funds की लागत बढ़ती है। इसका प्रभाव lending rates पर पड़ सकता है, जिससे credit growth, consumption और investment demand कम होकर demand-side inflation घट सकती है।
विकल्प (c) सही है
मुद्रा के परिचलन अथवा money supply/liquidity में कमी से अर्थव्यवस्था में कुल माँग को नियंत्रित करने में सहायता मिल सकती है।
इसे Quantity Equation से समझा जा सकता है:
MV = PY
जहाँ:
M = Money Supply
V = Velocity of Money
P = Price Level
Y = Real Output
यदि money supply की वृद्धि वास्तविक उत्पादन की वृद्धि से बहुत अधिक हो और money velocity स्थिर रहे, तो अतिरिक्त माँग सामान्य मूल्य-स्तर को बढ़ा सकती है। विपरीत स्थिति में liquidity growth को नियंत्रित करने से demand-pull inflation को कम करने में सहायता मिलती है।
लेकिन money supply घटाना हर प्रकार की inflation का पूर्ण समाधान नहीं है। यदि inflation खराब मानसून, कच्चे तेल की कीमत, supply disruption या उत्पादन लागत बढ़ने से हुई है, तो केवल Monetary Policy से उसे पूरी तरह समाप्त नहीं किया जा सकता।
विकल्प (d) गलत है
Money circulation बढ़ाने से लोगों और व्यवसायों के पास खर्च तथा ऋण के लिए अधिक धन उपलब्ध हो सकता है। यदि उत्पादन उसी अनुपात में नहीं बढ़ता, तो aggregate demand बढ़कर prices पर ऊपर की ओर दबाव डाल सकती है।
इसलिए increased money circulation सामान्यतः inflation को नियंत्रित करने के बजाय demand-pull inflation को बढ़ा सकता है।