JAGTIV · Previous Year Questions

UPSC

ECONOMY · 2010

Previous Year Question

भारत में सभी राष्ट्रीयकृत वाणिज्यिक बैंकों के बचत खातों पर ब्याज दर किसके द्वारा निर्धारित की जाती है?

A.

केंद्रीय वित्त मंत्रालय

B.

केंद्रीय वित्त आयोग

C.

भारतीय बैंक संघ

D.

उपर्युक्त में से कोई नहीं

Correct Answer: D

Detailed Solution

प्रश्न वर्ष 2010 की नियामकीय व्यवस्था पर आधारित है। उस समय वाणिज्यिक बैंकों के बचत जमा खातों पर देय ब्याज दर भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) द्वारा निर्धारित की जाती थी। भारतीय रिज़र्व बैंक का नाम दिए गए विकल्पों में नहीं है; अतः विकल्प (d) सही है।

वर्ष 2010 में घरेलू बचत जमा पर ब्याज दर 3.5 प्रतिशत वार्षिक थी। भारतीय रिज़र्व बैंक ने 3 मई 2011 से इसे बढ़ाकर 4 प्रतिशत वार्षिक कर दिया था।

इसके बाद 25 अक्तूबर 2011 को भारतीय रिज़र्व बैंक ने बचत बैंक जमा ब्याज दर को विनियंत्रित कर दिया। प्रारंभिक विनियंत्रण व्यवस्था के अंतर्गत:

  • ₹1 लाख तक की दैनिक शेष राशि पर प्रत्येक बैंक को एक समान ब्याज दर लागू करनी थी।

  • ₹1 लाख से अधिक की शेष राशि पर बैंक अलग-अलग ब्याज दर निर्धारित कर सकते थे, लेकिन समान राशि वाली जमाओं के बीच भेदभाव नहीं किया जा सकता था।

  • इस परिवर्तन के बाद बचत खातों पर सभी बैंकों के लिए भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा निर्धारित एक समान दर की व्यवस्था समाप्त हो गई।

विकल्पों का परीक्षण:

  • केंद्रीय वित्त मंत्रालय: यह सरकार की राजकोषीय और आर्थिक नीतियों से संबंधित है, परंतु वर्ष 2010 में बचत जमा की ब्याज दर निर्धारित करने वाला बैंकिंग नियामक नहीं था।

  • केंद्रीय वित्त आयोग: संविधान के अनुच्छेद 280 के अंतर्गत गठित वित्त आयोग का प्रमुख कार्य केंद्र और राज्यों के बीच कर-राजस्व के वितरण की संस्तुति करना है। इसका बैंक जमा ब्याज दरों से संबंध नहीं है।

  • भारतीय बैंक संघ: यह बैंकों का प्रतिनिधि संगठन है, बैंकिंग नियामक नहीं। अतः यह अनिवार्य बचत जमा ब्याज दर निर्धारित नहीं करता था।

  • सही संस्था भारतीय रिज़र्व बैंक थी, जिसका उल्लेख विकल्पों में नहीं है।

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