Previous Year Question
फर्नेस ऑयल के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
यह तेल परिष्करणशालाओं का एक उत्पाद है।
कुछ उद्योग इसका उपयोग विद्युत उत्पादन के लिए करते हैं।
इसके उपयोग से पर्यावरण में सल्फर का उत्सर्जन होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?
केवल 1 और 2
केवल 2 और 3
केवल 1 और 3
1, 2 और 3
Correct Answer: D
Detailed Solution
फर्नेस ऑयल को फ्यूल ऑयल अथवा भारी फ्यूल ऑयल भी कहा जाता है।
यह कच्चे पेट्रोलियम के परिष्करण और आसवन के बाद प्राप्त भारी अवशिष्ट अंशों से बनाया जाता है। अतः कथन 1 सही है।
यह सामान्यतः गहरे रंग वाला, गाढ़ा और उच्च श्यानता वाला तरल ईंधन होता है।
अधिक श्यानता के कारण पंपिंग और दहन से पहले इसे गर्म करने की आवश्यकता हो सकती है।
इसका उपयोग औद्योगिक भट्टियों, बॉयलरों और तापीय प्रक्रियाओं में ईंधन के रूप में किया जाता है।
कुछ उद्योग भाप और विद्युत उत्पन्न करने के लिए भी फर्नेस ऑयल का उपयोग करते हैं। अतः कथन 2 सही है।
इसका उपयोग कुछ विद्युत संयंत्रों और जलयानों के इंजनों में भी किया जा सकता है।
फर्नेस ऑयल में सल्फर की मात्रा हो सकती है।
इसके दहन पर सल्फर ऑक्सीकृत होकर मुख्यतः सल्फर डाइऑक्साइड और कुछ मात्रा में सल्फर ट्राइऑक्साइड उत्पन्न कर सकता है।
इसलिए इसके उपयोग से पर्यावरण में सल्फर युक्त प्रदूषकों का उत्सर्जन होता है। अतः कथन 3 सही है।
सल्फर डाइऑक्साइड श्वसन संबंधी समस्याएँ उत्पन्न कर सकती है और अम्लीय वर्षा तथा द्वितीयक कणीय पदार्थ के निर्माण में योगदान देती है।
फर्नेस ऑयल के दहन से कार्बन डाइऑक्साइड, नाइट्रोजन ऑक्साइड और कणीय पदार्थ भी उत्सर्जित हो सकते हैं।
कम-सल्फर ईंधन, बेहतर दहन प्रौद्योगिकी और निकास-गैस शोधन प्रणाली इसके प्रदूषण को कम कर सकती हैं।
प्राकृतिक गैस, विद्युत और स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों की ओर संक्रमण से फर्नेस ऑयल पर निर्भरता घटाई जा सकती है।