Previous Year Question
भारतीय गिलहरियों के बारे में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
वे भूमि में बिल बनाकर अपने नीड़ का निर्माण करती हैं।
वे अपने भोज्य पदार्थों, जैसे कि दृढ़फलों (नट) और बीजों को भूमि के अंदर जमा करती हैं।
वे सर्वभक्षी होती हैं।
उपर्युक्त में से कितने कथन सही हैं?
केवल एक
केवल दो
सभी तीन
कोई भी नहीं
Correct Answer: B
Detailed Solution
सही उत्तर: (b) केवल दो
कथन 2 और 3 सही हैं, जबकि कथन 1 गलत है।
कथन 1 गलत है
प्रश्न के संदर्भ में भारतीय ताड़ गिलहरियाँ मुख्यतः वृक्षवासी होती हैं।
वे भूमि में बिल बनाकर नीड़ नहीं बनातीं।
वे पेड़ों की शाखाओं पर गोलाकार अथवा गुम्बदाकार नीड़ बनाती हैं तथा पेड़ों के खोखले भागों और परित्यक्त कोटरों का भी उपयोग करती हैं।
नीड़ बनाने में पत्तियाँ, छोटी टहनियाँ, छाल, काई तथा दूसरे मुलायम पदार्थ प्रयुक्त होते हैं।
इसलिए भूमि में बिल बनाना इनके सामान्य नीड़-निर्माण व्यवहार का लक्षण नहीं है।
कथन 2 सही है
गिलहरियाँ नट और बीज जैसी खाद्य सामग्री को छोटे-छोटे अलग स्थानों पर छिपाकर रखती हैं। इसे प्रकीर्ण भंडारण या scatter-hoarding कहा जाता है।
खाद्य सामग्री को मिट्टी या भूमि के अंदर दबाना भविष्य में भोजन की कमी के समय उसके उपयोग की रणनीति है।
गिलहरियाँ स्थानिक स्मृति तथा आसपास के भौगोलिक संकेतों की सहायता से इन भंडारों को खोजती हैं।
जो बीज वापस प्राप्त नहीं किए जाते, वे अनुकूल परिस्थितियों में अंकुरित हो सकते हैं। इसलिए यह व्यवहार बीज-प्रसार और वन पुनर्जनन में भी सहायता कर सकता है।
कथन 3 सही है
भारतीय ताड़ गिलहरी केवल शाकाहारी नहीं, बल्कि सर्वभक्षी होती है।
इसके आहार में फल, नट, बीज, फूल और अन्य पादप पदार्थ शामिल होते हैं।
यह कीट, लार्वा, पक्षियों के अंडे और कभी-कभी छोटे पक्षियों जैसे प्राणी-आधारित पदार्थ भी खा सकती है।
पादप और प्राणी—दोनों प्रकार का भोजन ग्रहण करने के कारण इसे सर्वभक्षी माना जाता है।
मुख्य परीक्षा-जाल: भूमि में भोजन जमा करना और भूमि में नीड़ बनाना दो अलग व्यवहार हैं। भारतीय गिलहरियाँ भूमि में भोजन छिपा सकती हैं, लेकिन सामान्यतः नीड़ पेड़ों पर बनाती हैं।
अतः केवल दो कथन—2 और 3—सही हैं।