Previous Year Question
हाल ही में, निम्नलिखित नदियों में से किनको जोड़ने का उपक्रम किया गया?
कावेरी और तुंगभद्रा
गोदावरी और कृष्णा
महानदी और सोन
नर्मदा और ताप्ती
Correct Answer: B
Detailed Solution
प्रश्न में आंध्र प्रदेश की पत्तिसीमा लिफ्ट सिंचाई योजना का संदर्भ है, जिसके माध्यम से गोदावरी नदी के जल को पोलावरम दाहिनी मुख्य नहर द्वारा कृष्णा नदी में पहुँचाया गया।
यह परियोजना वर्ष 2015-16 से संचालित हुई और इसने गोदावरी तथा कृष्णा नदी-तंत्रों के बीच व्यावहारिक जल-अंतरण शुरू किया।
पत्तिसीमा योजना की कार्यप्रणाली
पत्तिसीमा परियोजना आंध्र प्रदेश में गोदावरी नदी के दाहिने तट पर स्थित है।
परियोजना द्वारा गोदावरी के बाढ़कालीन जल को पंपों से ऊपर उठाया जाता है।
यह जल पोलावरम परियोजना की दाहिनी मुख्य नहर में डाला जाता है।
नहर के माध्यम से जल पश्चिम गोदावरी और कृष्णा जिलों से गुजरते हुए कृष्णा नदी तक पहुँचता है।
स्थानांतरण की अभिकल्पित क्षमता लगभग 240 घन मीटर प्रति सेकंड अथवा 8,500 क्यूसेक है।
योजना द्वारा लगभग 80 टीएमसी गोदावरी जल को कृष्णा नदी-तंत्र में पहुँचाने की व्यवस्था की गई।
यह जल कृष्णा नदी में विजयवाड़ा के निकट इब्राहिमपट्टनम क्षेत्र में पहुँचता है।
परियोजना की आवश्यकता
गोदावरी नदी के निचले भाग में मानसून के दौरान बड़ी मात्रा में जल बंगाल की खाड़ी में चला जाता है।
दूसरी ओर कृष्णा नदी-तंत्र के अनेक भागों में सिंचाई जल की कमी रहती है।
पत्तिसीमा योजना का उद्देश्य गोदावरी के बाढ़कालीन अतिरिक्त जल का उपयोग कृष्णा डेल्टा की सिंचाई को स्थिर करने में करना था।
कृष्णा डेल्टा को गोदावरी का जल मिलने से श्रीशैलम जलाशय के कृष्णा जल का अधिक भाग सूखा-प्रभावित रायलसीमा की ओर उपलब्ध कराया जा सकता है।
यह पोलावरम बहुउद्देशीय परियोजना के पूर्ण होने से पहले उसके कुछ संभावित लाभ जल्दी प्राप्त करने के लिए बनाई गई थी।
गोदावरी नदी
गोदावरी का उद्गम महाराष्ट्र के नासिक जिले में त्र्यंबकेश्वर के निकट ब्रह्मगिरि पहाड़ियों से होता है।
लगभग 1,465 किलोमीटर लंबी गोदावरी प्रायद्वीपीय भारत की सबसे लंबी और भारत की दूसरी सबसे लंबी नदी है।
विशाल बेसिन के कारण इसे दक्षिण गंगा अथवा दक्षिण की गंगा कहा जाता है।
यह महाराष्ट्र, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश से होकर बहती है तथा इसके बेसिन का विस्तार छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, ओडिशा और कर्नाटक तक भी है।
इसकी प्रमुख सहायक नदियों में पूर्णा, मंजीरा, पेनगंगा, वर्धा, वैनगंगा, प्राणहिता, इंद्रावती और सबरी शामिल हैं।
यह आंध्र प्रदेश में विस्तृत डेल्टा बनाकर बंगाल की खाड़ी में गिरती है।
कृष्णा नदी
कृष्णा नदी का उद्गम महाराष्ट्र में महाबलेश्वर के निकट पश्चिमी घाट से होता है।
यह महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश से संबंधित प्रमुख पूर्ववाहिनी नदी है।
इसकी प्रमुख सहायक नदियों में कोयना, पंचगंगा, घटप्रभा, मालप्रभा, भीमा, तुंगभद्रा और मूसी शामिल हैं।
कृष्णा नदी आंध्र प्रदेश में डेल्टा बनाकर बंगाल की खाड़ी में गिरती है।
नागार्जुन सागर, श्रीशैलम और प्रकाशम बैराज इस नदी-तंत्र की महत्त्वपूर्ण परियोजनाएँ हैं।
नदी-जोड़ का प्रवाह क्रम
गोदावरी → पत्तिसीमा पंपिंग स्टेशन → पोलावरम दाहिनी मुख्य नहर → कृष्णा नदी