Previous Year Question
ऋतु से ऋतु में दिन और रात की लंबाई में परिवर्तन निम्नलिखित में से किसके कारण होता है?
Correct Answer: D
Detailed Solution
दिन और रात की लंबाई में होने वाला मौसमी परिवर्तन, सूर्य के चारों ओर पृथ्वी के परिक्रमण और पृथ्वी के घूर्णन-अक्ष के लगभग 23½° झुके होने के संयुक्त प्रभाव से उत्पन्न होता है। विकल्प (d) इसी संयुक्त स्थिति को व्यक्त करता है।
विकल्प (a) गलत है: पृथ्वी का अपने अक्ष पर घूर्णन दिन और रात का दैनिक चक्र उत्पन्न करता है। पृथ्वी का जो भाग सूर्य के सामने होता है वहाँ दिन और जो भाग सूर्य से विमुख होता है वहाँ रात होती है। केवल घूर्णन से दिन और रात की अवधि में ऋतुगत परिवर्तन की व्याख्या नहीं होती।
विकल्प (b) गलत है: सूर्य के चारों ओर पृथ्वी का परिक्रमण आवश्यक है, लेकिन कक्षा का दीर्घवृत्ताकार होना दिन और रात की मौसमी लंबाई में परिवर्तन का मुख्य कारण नहीं है। इसका मुख्य कारण पृथ्वी का अक्षीय झुकाव है। पृथ्वी जनवरी के आरंभ में सूर्य के अधिक निकट होती है, फिर भी उस समय उत्तरी गोलार्द्ध में शीत ऋतु होती है। इससे स्पष्ट है कि सूर्य से दूरी प्रमुख कारण नहीं है।
विकल्प (c) गलत है: किसी स्थान का अक्षांश यह निर्धारित करता है कि वहाँ दिन-रात की अवधि में परिवर्तन कितना अधिक होगा। भूमध्यरेखा के पास यह परिवर्तन बहुत कम और ध्रुवों की ओर अधिक होता जाता है। लेकिन अक्षांश अपने आप वार्षिक परिवर्तन उत्पन्न नहीं करता; मूल कारण झुके अक्ष के साथ पृथ्वी का परिक्रमण है।
विकल्प (d) सही है: सूर्य के चारों ओर परिक्रमण करते समय पृथ्वी का अक्ष लगभग समान दिशा में झुका रहता है। वर्ष के एक भाग में उत्तरी गोलार्द्ध सूर्य की ओर झुका होता है, जिससे वहाँ दिन लंबे और रातें छोटी होती हैं। लगभग छह महीने बाद दक्षिणी गोलार्द्ध सूर्य की ओर झुक जाता है और वहाँ दिन लंबे हो जाते हैं।
यदि पृथ्वी का अक्ष उसके कक्षीय तल के लंबवत होता, तो किसी निश्चित अक्षांश पर दिन और रात की अवधि में इतना मौसमी परिवर्तन नहीं होता।
अतः दिन और रात की लंबाई में ऋतुगत परिवर्तन का कारण झुके हुए अक्ष के साथ पृथ्वी का परिक्रमण है।