Previous Year Question
रौलेट सत्याग्रह के सन्दर्भ में, निम्नलिखित में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
रौलेट अधिनियम, ‘सेडिशन कमेटी’ की सिफारिश पर आधारित था।
रौलेट सत्याग्रह में, गाँधीजी ने होम रूल लीग का उपयोग करने का प्रयास किया।
साइमन कमीशन के आगमन के विरुद्ध हुए प्रदर्शन रौलेट सत्याग्रह के साथ-साथ हुए।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
Correct Answer: B
Detailed Solution
कथन 1 सही है। रौलेट अधिनियम का आधिकारिक नाम Anarchical and Revolutionary Crimes Act, 1919 था। यह 1918 की सेडिशन कमेटी, जिसे रौलेट कमेटी भी कहा जाता है, की सिफारिशों पर आधारित था। इस समिति के अध्यक्ष ब्रिटिश न्यायाधीश सर सिडनी रौलेट थे। अधिनियम ने सरकार को राजनीतिक गतिविधियों के संदिग्ध व्यक्तियों को बिना सामान्य मुकदमे के हिरासत में रखने जैसी दमनकारी शक्तियाँ प्रदान कीं।
कथन 2 सही है। रौलेट सत्याग्रह को अखिल भारतीय स्तर पर फैलाने के लिए गाँधीजी ने होम रूल लीग के पहले से मौजूद संगठनात्मक ढाँचे, कार्यकर्ताओं और सम्पर्क-तंत्र का उपयोग करने का प्रयास किया। होम रूल आन्दोलन ने अनेक नगरों में राजनीतिक रूप से सक्रिय कार्यकर्ताओं का नेटवर्क तैयार कर दिया था, जो रौलेट-विरोधी आन्दोलन को फैलाने में उपयोगी बना।
कथन 3 गलत है। रौलेट सत्याग्रह 1919 में हुआ था। इसके विपरीत साइमन कमीशन की नियुक्ति नवम्बर 1927 में हुई और वह फरवरी 1928 में भारत आया। इसलिए साइमन कमीशन के विरुद्ध प्रदर्शन रौलेट सत्याग्रह के साथ-साथ नहीं हुए; दोनों घटनाओं के बीच लगभग नौ वर्ष का अन्तर था।
गाँधीजी ने 6 अप्रैल, 1919 को देशव्यापी हड़ताल, उपवास और प्रार्थना का आह्वान किया। कुछ स्थानों पर हिंसा होने के बाद उन्होंने 18 अप्रैल, 1919 को सत्याग्रह स्थगित कर दिया। इसी आन्दोलन की पृष्ठभूमि में 13 अप्रैल, 1919 को जलियाँवाला बाग हत्याकांड हुआ।